Saturday, 26 October 2024

एक तरफा इश्क़

 खारी फितरत

एक तरफा इश्क की

 बानगी तो देखिए 

छोड़ देती हैं नदिया 

अपनी शोखी अपनी चंचलता

 आतुर हो उठती है मिलने को 

उस प्रियतम से 

जिससे ना मिली है कभी

ना जानती हैं जिसकी खारी फितरत को

हिस्सा बन जाती हैं उस विशाल समुद्र का

छोड़ अपना वजूद अपना अस्तित्व 

         

Sunday, 13 October 2024

बासमती चावल

    बासमती चावल

बासमती चावल के खेतों के बीच

बनी सड़क पर से गुजरते हुए

जो महक उठती है

वो रच बस जाती है दिमाग में

मन करता है घंटों बैठे रहे वहीं

पर मंजिल पर पहुँचने की जल्दी

वंचित कर देती है उस सुख से

बढ़ जाते हैं आगे सफर पर

वक़्त की कमी को कोसते हुए

जहन से निकाल कर खुश्बू



Tuesday, 1 October 2024

फितरत

 खारी फितरत

एक तरफा इश्क की

 बानगी तो देखिए 

छोड़ देती हैं नदिया 

अपनी शोखी अपनी चंचलता

 आतुर हो उठती है मिलने को 

उस प्रियतम से 

जिससे ना मिली है 

ना जानती हैं जिसकी खारी फितरत को

हिस्सा बन जाती हैं उस विशाल समुद्र का

छोड़ अपना वजूद अपना अस्तित्व